
बैठक लेकर निर्देश देते कलेक्टर, व बैठक में उपस्थित अधिकारी कर्मचारी
*ससहा में निर्माणाधीन मंच निर्माण के गुणवत्ताहीन होने पर उप अभियंता को कारण बताओ नोटिस के निर्देश*
*अधूरे और अप्रारंभ कार्य तुरंत शुरू करने के निर्देश, देरी पर होगी कार्रवाई*
*प्रधानमंत्री आवास योजना में अनियमितता की शिकायत पर होगी कड़ी कार्यवाही
जांजगीर-चांपा, । कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने जनपद पंचायत पामगढ़ के सभाकक्ष पंचायत में पंचायत सचिवों, तकनीकी सहायक एवं रोजगार सहायकों की बैठक लेकर ग्रामीण विकास कार्यों की गहन समीक्षा की। बैठक में कलेक्टर ने कहा कि ग्राम पंचायत ही ग्रामीण विकास की मूल इकाई है और यहां होने वाले निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस अवसर पर मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री गोकुल रावटे, अपर कलेक्टर श्री आर.के. तंबोली, पामगढ़ सीईओ श्री मणिशंकर कौशिक सहित विभागीय अधिकारी, कर्मचारी मौजूद रहे।
बैठक के दौरान ग्राम पंचायत ससहा में निर्माणाधीन मंच कार्य में गुणवत्ताहीनता पाए जाने पर कलेक्टर ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित आरईएस उप अभियंता को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।कलेक्टर ने निर्माण कार्यों की धीमी प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए सभी अप्रारंभ कार्यों को तत्काल शुरू करने और समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने लापरवाही या अनदेखी पाए जाने पर सख्त प्रशासनिक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण की प्रगति की समीक्षा की। कलेक्टर ने योजना में पारदर्शिता सुनिश्चित करने कहा,उन्होंने निर्देशित किया यदि कहीं भी अनियमितता की शिकायत प्राप्त होती है, तो संबंधितों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाएगी। कलेक्टर श्री महोबे ने कहा कि सुशासन तिहार के तहत 1 मई से 10 जून 2026 तक जन समस्या निवारण शिविर आयोजित किए जाएंगे। ग्रामीण क्षेत्रों में 15 से 20 ग्राम पंचायतों के समूह के आधार पर शिविर लगाए जाएंगे। इन शिविरों में न केवल जन समस्याओं का समाधान किया जाएगा। उन्होंने शिविरों में आम नागरिकों के लिए छाया, पेयजल, बैठक सहित सभी मूलभूत व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्री महोबे ने शासन के निर्देशनुसार विकास के लिए सुनियोजित एवं समयबद्ध 5 वर्षीय गाँव की आवश्यकता अनुसार परिप्रेक्ष्य योजना तैयार करने कहा। उन्होंने ग्राम सभाओं एवं स्थानीय निकायों की सहभागिता सुनिश्चित करते हुए आवश्यकताओं का आकलन तैयार करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने निर्देशित किया कि 5 वर्षीय योजना में प्राथमिकता वाले क्षेत्र जैसे पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला एवं बाल कल्याण के साथ-साथ सड़क एवं सिंचाई जैसे विकास को विशेष रूप से शामिल किया जाए। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि प्रत्येक वर्ष की वार्षिक योजना, 5 वर्षीय परिप्रेक्ष्य योजना के अनुरूप तैयार की जाए तथा पूर्व वर्षों की उपलब्धियों एवं ग्राम की मुख्य आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए लक्ष्य निर्धारित किए जाएं।
कलेक्टर श्री महोबे ने जल संरक्षण को लेकर कहा की अधिक से अधिक जल संरचनाओं, सोक पिट, रेन वाटर हार्वेस्टिंग, डबरी, चेकडैम, नवा तरिया एवं अन्य संरचनाओं का निर्माण प्राथमिकता के साथ सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक के दौरान उन्होंने कहा कि जल संरक्षण वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है, इसलिए प्रत्येक ग्राम पंचायत में जनभागीदारी के साथ कार्यों को तेज गति से पूर्ण किया जाए। साथ ही ग्राम स्तर पर लोगों को जल संरक्षण के प्रति जागरूक कर उन्हें इस अभियान से जोड़ने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे नियमित मॉनिटरिंग करें, फील्ड में जाकर कार्यों का निरीक्षण करें और हितग्राहियों को समय पर योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करें, ताकि शासन की मंशा के अनुरूप ग्रामीण विकास कार्य प्रभावी ढंग से धरातल पर दिखाई दे।




