
जांजगीर एसपी विजय पांडेय ने janjgirjunction. Com की खास बातचीत
दीपक तिवारी जांजगीर। जांजगीर–चांपा जिले के एसपी विजय कुमार पांडेय द्वारा स्कूली विद्यार्थियों, युवाओं को सूखा नशा, शराब से दूर रखने व अपराध से बचाने के लिए प्रयास किया जा रहा है। जिले का सबरिया समाज जो विशेष रूप से महुआ शराब बनाने के लिए जाने जाते हैं, उनका जीवन स्तर सुधारने व उन्हें महुआ शराब न बनाने के लिए प्रेरित करने हेतु कई नवाचारी प्रयास किए जा रहे हैं। एसपी पांडेय चाहते हैं कि सबरिया समाज शराब बनाने के बजाय स्वरोजगार का दूसरा काम करे और अपनी नई पीढ़ी को रोजगार का दूसरा साधन उपलब्ध करा सके। साथ ही एसपी पांडेय का यह भी मानना है कि ऐसे बच्चे जो स्कूलों से ड्रॉप आउट हैं वे या तो नशे की ओर जा रहे हैं या फिर अपराध की दुनिया की ओर जा सकते हैं। इसलिए ऐसे बच्चों को भी चिह्नांकित करने का प्रयास उनके द्वारा किया जा रहा है। इन सब मुद्दों को लेकर janjgirjunction.comकी टीम ने एसपी विजय कुमार पांडेय से बात की।
पढ़िए एसपी से हुई बातचीत
सवाल: पुलिस द्वारा जिले के ड्रॉप आउट बच्चों को चिह्नांकित किया जा रहा है, इसके पीछे वजह क्या है।
एसपी: स्कूलों के ऐसे बच्चे जो ड्रॉप आउट है, जो पढ़ने नहीं जा रहा है तो कर क्या रहा है? या तो नशा करके आवारागर्दीर्कर रहा है या फिर किसी क्राइम में इन्वॉल्व है, तो ऐसे बच्चों की सूचना के लिए थाना प्रभारियों को कहा गया है कि अपने अपने बीट में जनप्रतिनिधियों, एनजीओ के सहयोग से ड्रॉप आउट बच्चों की सूची बनाएं ताकि उन ड्रॉप आउट बच्चों की काउंसिलिंग की जा सके कि वेा स्कूल क्यों नहीं जा रहे हैं, स्कूल न जाने के कारणों को दूर किया जाए और उन्हें स्कूल भेजा जाए ताकि नशे से और अपराध से दूर रहें।
सवाल: बच्चों व युवाओं को नशे की लत से दूर करने के लिए कोई प्लान है क्या?
एसपी: हां, बच्चों और युवाओं को नशे से दूर करने के लिए बहुत सारी योजनाएं हम चला रहे हैं। मुख्यत: तीन स्तरों पर हम काम कर रहे हैं, जैसा बजाया कि जो ड्रॉप आउट बच्चें हैं उन्हें चिह्नित करके उनको स्कूल भेजना, दूसरा जो ऐसे खासकर जो सूखा नशा है, उसको बेचने वाले लोगों पर कार्रवाई करना, लगातार उस पर कार्रवाई कर रहे हैं। और तीसरा है जो ऐसे लोग हैं जो नशा बनाते हैं, जैसे महुआ शराब बनाते हैं।कुछ लोग जाे समाज के तो उनको बात करके, काउंसिलिंग करके उनको स्वरोजगार योजनाओं से जोड़ कर हम प्रयास कर रहे हैं कि लोगों को नशे का सामान ही उपलब्ध न हो ऐसा प्रयास कर रहे हैं ताकि नशे से दूर रहें और ड्रॉप आउट बच्चों को और बेरोजगारों को लाइवलीहुड कॉलेज में स्वरोजगार की दिशा में मोड़ कर नशे की समस्या से बच्चे व युवाओं को उबारने का प्रयास कर रहे हैं
सवाल: महिला संबंधी अपराधों में बढ़ोतरी हो रही है तो उसे कैसे रोका जाएगा?
एसपी : महिला संबंधी अपराधों की रोकथाम के लिए हमने रक्षा टीम का गठन किया है। महिला परामर्श रक्षा टीम है हमने एक वाट्सएप नंबर भी जारी किया है। ये जो रक्षा टीम है स्कूल लगने और छूटने के समय में स्कूलों के आसपास रहते हैं। कॉलेजों में जाकर आत्मनिर्भर की ट्रेनिंग देते हैं। बच्चों में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिए हमने कौशल विकास के तहत बहुत सारी योजनाएं भी चलाई है।
नशा व अपराध रोकने ये काम भी कर रहे एसपी
एसपी विजय पांडेय ने जिले के उन बस्तियों का स्वयं दौरा किया जहां सबरिया समाज के लोग बहुतायत संख्या में रहते हैं। उन्होंने कमरीद के सबरिया डेरा, बनाहिल के सबरिया डेरा में जाकर उस समाज के लोगाें को महुआ शराब बनाने के दुष्प्रभाव भी बताए तथा खेती किसानी से जुड़ने का आग्रह किया है। एसपी पांडेय ने सबरिया समाज के लोगों को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए रायगढ़ जिला के लैलूंगा में आयोजित गेंदा महोत्सव में भी शामिल कराया ताकि वे जान सकें कि गेंदा की खेती कैसे होती है और उससे फायदा क्या है। इसी प्रकार हाल ही में उन्होंने कमरीद में सबरिया समाज की बैठक लेकर उन्हें खेती करने के लिए प्रेरित किया है।





