- टीसीएल कालेज में प्रस्तावना वाचन व गोष्ठी..

जांजगीर । शासकीय टीसीएल कॉलेज में संविधान दिवस पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें प्राचार्य डॉ. डीआरलहरे ने प्राध्यापकों और विद्यार्थियों से संविधान की प्रस्तावना का सामूहिक वाचन कराया और कहा कि प्रस्तावना नागरिकों के अधिकारों, कर्तव्यों और राष्ट्र के मूल आदर्शों को समझने की दिशा में मार्गदर्शक है। हमें संविधान के आदर्शों और मूल्यों का सम्मान करना चाहिए। कार्यक्रम में अतिथि डॉ.एमएल. पाटले ने कहा कि संविधान भारतीय लोकतंत्र की आधारशिला है, जो न्याय और समानता की भावना को मजबूत करता है। प्रो. आरएस. भगत ने कहा कि संविधान मात्र कानूनी दस्तावेज नहीं बल्कि देश को एक सूत्र में बांधने वाला जीवंत मार्गदर्शक है। डॉ. एसके. मधुकर ने बताया कि युवा पीढ़ी को संविधान के सिद्धांतों को जीवन में अपनाकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देना चाहिए। डॉ. एमआर बंजारे ने कहा कि संविधान हमें अधिकारों के साथ कर्तव्य निभाने की प्रेरणा देता है, जो मजबूत लोकतंत्र की नींव है। कार्यक्रम का संचालन डॉ. कोमल शुक्ला ने किया। इस दौरान डॉ पी के सिंह,डा आरजी खूंटे ,डा मंजूलता कश्यप, पूर्णिमा सूर्यवंशी, पूनम थवाईत,धनेश्वरी पटेल,ज्योत्सना लदेर डॉ क्षितिज चौहान, डॉ सविता पाण्डेय, डा निलेश मिश्रा, डॉ सीमा देवांगन,प्राची शर्मा, रोमा खूंटे सहित प्राध्यापक ,एनएसएस के स्वयंसेवक, एनसीसी कैडेट्स और छात्र छात्रा बड़ी संख्या में उपस्थित थे।





